Blog

हिंदू धर्म का मतलब ही पूंजीवाद है – देवदत्त पटनायक

तो असल बात यह है: आज अगर आप ब्राह्मण-बनिया गठजोड़ की आलोचना करें, तो तुरंत आपको “कम्युनिस्ट” करार दिया जाता है। वे इसे नफ़रत से “लेफ्ट विंग” (वामपंथी) कहते हैं।Read More

बनिया बनाम ब्राह्मण – देवदत पटनायक

कभी चार वर्ण हुआ करते थे। अब तीन हैं। बनिया, जिसका मंदिर है; ब्राह्मण, जो उसे ऐसे कॉलर पहनकर गार्ड करता है जैसे वह कोई ताज हो; और शूद्र –Read More

राधा तंत्र का असली सिद्धांत – देवदत्त पटनायक

यह पोस्ट सनातनियों के लिए नहीं है… यह उन समझदार लोगों के लिए है जो तंत्र की सराहना कर सकते हैं… आपको प्रोटीन खाना चाहिए और इस बकवास पर विश्वासRead More

कॉकरोच जनता पार्टी कहीं आम आदमी पार्टी के रास्ते पर तो नहीं जा रही? – निखिल सबलानिया Cockroach Janata Party Kahin Aam Adami Party ke Raste par To Nahin ja rahi? – Nikhil Sablania

कॉकरोच जनता पार्टी, यानी कि, सी. जे. पी. (CJP) अब ‘आम आदमी पार्टी’ की राह पर चल रही है। बेशक, लोगों में बीजेपी को लेकर बहुत गुस्सा था और प्रोटेस्टRead More

आन्दोलन किसके लिए? – निखिल सबलानिया

मेरी भारत के सभी लोगों से पूरी संवेदना है और मैं उनके साथ हूँ। पर उनको कुछ बात और भी समझनी चाहिए। और खासकर उन्हें बात समझनी चाहिए जो एकदमRead More

मोदी और ट्रम्प डाॅ. आंबेडकर जी से सीख लें – निखिल सबलानिया

भारतीय जनता पार्टी ने भारत के प्रधानमंत्री मोदी के तीसरे कार्यकाल का जश्न मनाया। वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप चौथी बार चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं। जब मोदी प्रधानमंत्रीRead More

आंदोलन समाप्त नहीं, बल्कि शुरू हुआ है – निखिल सबलानिया

मेरे एक दोस्त ने एक साल पहले पूछा था, “यार वहां पर कोई क्रांति नहीं होती है?” मैंने कहा कि, यार! हमारे भारत के स्वतंत्रता आंदोलन का जो अध्ययन मैंनेRead More

कौन चला रहा है भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी के फेसबुक ग्रुप्स? – निखिल सबलानिया

भीम आर्मी और आजाद समाज पार्टी ने अपने नाम के ग्रुप के साथ ही, मायावती जी और बीएसपी के नाम से फेसबुक ग्रुप खोले हैं और वहां पर अपना प्रचारRead More

आंदोलन केवल जरिया है, अंतिम लक्ष्य नहीं – निखिल सबलानिया

हालांकि मैं लोगों की भावना की कद्र करता हूं लेकिन लोगों को और बातें भी बताना मैं अपना फर्ज समझता हूं। मैं 17 साल से ट्विटर (एक्स) और फेसबुक परRead More

मायावती जी पर लगे सारे आरोप निराधार – निखिल सबलानिया

मायावती जी पर यह आरोप लगाना कि वह ए. सी. में रहती हैं, सड़क पर नहीं आती, अत्याधिक धन है और बीजेपी के साथ हैं, तो यह राजनैतिक स्वार्थ, पागलोंRead More

Loading...
0Shares